Bhakti Ras : भक्ति रस की परिभाषा, उदाहरण व स्थाई भाव सहित | Bhakti Ras Kise Kahate Hain

स्वागत है दोस्तों आज की नई पोस्ट भक्ति रस (Bhakti Ras) में आज इस पोस्ट के माध्यम से जानने की कोशिश करेंगे की भक्ति रस किसे कहते हैं (Bhakti Ras Kise Kahate Hain) तथा सा ही भक्ति रस के कुछ महत्वपूर्ण उदाहरण के माध्यम से इस पोस्ट को पढ़ेंगे। 

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रस किसे कहते हैं | Ras Kise Kahate Hain

काव्यकथानाटकउपन्यास आदि के पढ़ने, सुनने या उसका अभिनय देखने से जो आनंद की प्राप्त होती है उसे रस कहते हैं।

भक्ति रस की परिभाषा | Bhakti Ras Ki Paribhasha

जहां ईश्वर या अपने इष्ट देवता के प्रति प्रेम या श्रद्धा का भाव हृदय में उत्पन्न होता है, तो वहां भक्ति रस होता है। इस रस का स्थाई भाव ईश्वर अनुराग देवरति या ईश्वर विषयक रति होता है।

भक्ति रस का स्पष्टीकरण / भाव

रसभक्ति रस
स्थायी भावदेव, रति
आलंबनईश्वर (राम, कृष्ण, शिव, दुर्गा, काली, लक्ष्मी, सरस्वती, वैष्णो आदि)
उद्दीपनसत्संग, ईश क्रिया कलाप
अनुभावकीर्तन, लीला, नाम जाप

भक्ति रस और शांत रस में अंतर

भक्ति रस शांत रस से भिन्न है। शांत रस जहां निर्वेद या वैराग्य की ओर ले जाता है वही भक्ति रस ईश्वर विषयक रति की ओर ले जाते हैं।

भक्ति रस में भगवान और भक्त के बीच के प्रेम या प्रेम भक्ति को दर्शाता है।

 

भक्ति रस के उदाहरण | Bhakti Ras Ke Udaharan

समदरसी है नाम तिहारो, सोई पार करो,
एक नदिया इक नार कहावत, मैलो नीर भरो,
एक लोहा पूंजा में राखत, एक बधित परो,
सो दुविधा पारस नही जानत, कंचन करत खरो।
तू दयालु दीन हौं, तू दानि हौं, भिखारि।
हौं प्रसिद्ध पातकी, तू पाप पुंज हारि।
उल्टा नाम जपत जग जाना।
वाल्मीकि भथे बूहम सकाना।।
तुम मोरे प्रभु गुरु पितु माता।
जाऊं कहां तजि पद जल जाता।।
मेरे तो गिरधर गोपाल दूसरो न कोई
मेरे तो गिरधर गोपाल दूसरो न कोई
अंसुवन जल सींचि सींचि प्रेम बेलि बोई।
प्रभु मेरे अवगुन चित न धरौ,
समदर्शी प्रभु नाम तिहारो चाहो तो पार करो।
ओम जय जगदीश हरे
ओम जय जगदीश हरे स्वामी जय जगदीश हरे।
भक्त जनों के संकट दास जनों के संकट, क्षण में दूर करे।।
तुम करुणा के सागर हो प्रभु मेरी गागर भर दो थके
पांव है दूर गांव है अब तो किरपा कर दो।
तुम हो एक अगोचर, सबके प्राणपति,
रघुपति राघव राजाराम पतीत पावन सीताराम।
राम-राम कहते रहो, धरे रहो मन धीर।
सकल काज सवांरिहैं, कृपासिंधु रघुवीर।।

 

निष्कर्ष

छात्रों मैं उम्मीद करता हूं कि आपको आज की यह पोस्ट भक्ति रस किसे कहते हैं (Bhakti Ras Kise Kehte Hain) आपको पसंद आई होगी मैं इस पोस्ट को भक्ति रस को कुछ उदाहरण (Bhakti Ras Ke Udaharan) के माध्यम से समझने की संपूर्ण कोशिश की है जिससे आपको भक्ति रस आसानी से समझ में आ जाए।

यदि आपको भक्ति रस या इस पोस्ट से किसी प्रकार का कोई शिकायत है या आपको भक्ति रस (Bhakti Ras) से संबंधित कोई सुझाव देना है तो आप हमें कमेंट सेक्शन या फिर ईमेल के माध्यम से सूचित कर सकते हैं मैं आपके इस सवाल का जवाब जल्द से जल्द देने का प्रयास करूंगा आपके बहुमूल्य विचारों का इंतजार रहेगा।

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