काल किसे कहते हैं परिभाषा, भेद व उदाहरण | Vachya Kise Kahate Hain

नमस्ते दोस्तों मैं आप सभी लोगों का स्वागत करता हूं मैं Studyroot.in की तरफ से आज हम आपको काल किसे कहते हैं (Kaal Kise Kahate Hain) के बारे में संपूर्ण जानकारी प्राप्त कर आएंगे हम पहले देखेंगे कि Kaal ke ke kitne bhed hote Hain और हम काल के सभी भेद को पढ़ने के साथ Kaal kise kahate Hain in Hindi Grammar यह पोस्ट क्लास 10 व 12 के छात्रों के लिए यह कहें 1 से लेकर 12 के सभी छात्रों के लिए भी बहुत महत्वपूर्ण है। मैंने इस को इस प्रकार लिखा है कि आप काल के बारे में अधिकतम जानकारी प्राप्त कर सकें जिससे आपको दूसरी कोई पोस्ट पढ़ने की कोई जरूरत ना पढ़े।

काल किसे कहते हैं

Table of Contents

काल की परिभाषा | Kaal Ki Paribhashs

काल क्रिया के उस रूपांतरण को कहते हैं जिससे क्रिया के होने का समय बताता है।

काल के भेद

काल के मुख्यतः तीन भेद व प्रकार होते हैं जो निम्नलिखित हैं
1.भूतकाल
2.वर्तमान काल
3.भविष्य काल

भूतकाल किसे कहते हैं

भूतकाल क्रिया के जिस रुप से कार्य का बीते समय में होने का बोध हो उसे भूतकाल कहते हैं
भूतकाल के 6 भेद होते हैं।
1.सामान्य भूत
2.आसन्न भूत
3. पूर्ण भूत
4.अपूर्ण भूत
5.संदिग्ध भूत
6. हेतुहेतुमद भूत

 सामान्य भूतकाल

जिससे भूतकाल की क्रिया के समय का ज्ञान ना हो उसे सामान्य भूतकाल कहते हैं। (निश्चित समय का बोध नहीं होता है)

 सामान्य भूतकाल के उदाहरण

• राम ने अखबार पढ़ा।
• मोहन गया।
• तुम आए
• मैंने खाया।
• गीता आई।

कर्ता के साथ अगर ‘ने’ का प्रयोग होता है तो सदैव –सदैव भूतकाल, सकर्मक क्रिया या कृतवाच्य होगा।

आसन्न भूतकाल

जिससे क्रिया की समाप्ति निकट भूत से या तत्काल ही निकट या अभी-अभी पूर्ण होना सूचित होती है। उसे आसन्न भूतकाल कहते हैं।
सामान्य भूत के साथ “है, हैं
जोड़ दे तो आसन्न भूत हो जाएगा।

आसन्न भूतकाल के उदाहरण

• राम ने अखबार पढ़ा है।
• मोहन गया है।
• मैंने खाना खाया है।
• गीता आई है।
• अंकुर नैनीताल से लौटा है।
• उसने पूजा की है।
• मैं खाना खा चुका हूं।

पूर्ण भूतकाल

(बहुत पहले कार्य पूर्ण होने का बोध हो।)
क्रिया के जिस रूप में क्रिया के समाप्त के समय का स्पष्ट बोध होता है की क्रिया समाप्त हुए काफी समय हो गया है उसे पूर्ण भूतकाल कहते हैं। सामान्य भूत के उदाहरण के साथ “था” लगा दिया जाए तो पूर्ण भूतकाल होगा।

पूर्ण भूतकाल के उदाहरण

• राम ने अखबार पढ़ा था।
• मोहन गया था।
• स्कूल की छुट्टी हो चुकी थी।
• बच्चों ने मार खाई थी।
• गीता आई थी।
• मैं खाना खा चुका था।
• उसने पूजा की थी।
• अंकुर नैनीताल से लौटा था।
• तुमने मेरा घर देखा था।
• उसने कलम खरीदी थी।
• मैं सोया था।

अपूर्ण भूतकाल

बीते समय में क्रिया के जारी रहने का बोध हो।
( रहा था, रही थी, रहे थे )

क्रिया के जिस रूप से यह जाना जाए की क्रिया भूतकाल में हो रही थी लेकिन उसकी समाप्ति का पता ना चले उसे अपूर्ण भूतकाल कहते हैं।
सामान्य भूतकाल के उदाहरण के साथ रहा था, रही थी, रहे थे, लगा दिया जाए तो अपूर्ण भूतकाल हो जाएगा।

अपूर्ण भूतकाल के उदाहरण

• राम अखबार पढ़ रहा था।
• मोहन जा रहा था।
• बच्चे शोर मचा रहे थे।
• मैं खाना खा रहा था।
• राधा पूजा कर रही थी।
• अंकुर नैनीताल से आ रहा था।
• रामू घंटा बजा रहा था।
• गीता गाना गा रही थी।

संदिग्ध भूतकाल

क्रिया के जिस रूप से कार्य के बीते हुए समय में कार्य के पूर्ण होने पर संदेश या संशय हो। तो उसे संदिग्ध भूतकाल कहते हैं।

नोट – सामान्य भूतकाल की क्रिया के साथ यदि होगा, होगी, होंगे, पद सहायक क्रिया के रूप में जोड दिया जाए तो वह संदिग्ध भूतकाल होगा।

संदिग्ध भूतकाल के उदाहरण

• राम ने अखबार पढ़ा होगा।
• मोहन जयपुर गया होगा।
• गीता आई होगी।
• स्कूल की छुट्टी हो चुकी होगी।
• उसने पूजा की होगी।
• तुमने मेरा घर देखा होगा।
• उसने कलम खरीदी होगी।
• अंकुर नैनीताल से लौटा होगा।
• गणेश सोता होगा।
• राम पढ़ना होगा।

हेतुहेतु मद् भूतकाल

क्रिया के जिस रूप से यह पता चले की क्रिया भूतकाल में होने वाली थी पर किसी कारणवश नहीं हो सके उसे हेतुहेतु मद भूतकाल कहते हैं।

:> इसे हम शर्त वाला वाक्य भी कह सकते हैं।

हेतुहेतु मद् भूतकाल के उदाहरण

• यदि आप पढ़ते तो पास हो जाते।
• आपने बुलाया नहीं मैं आया नहीं।
• वे खेलते।
• मैं पढ़ना।
• तुम खाते।
• यदि बादल होते हैं तो बारिश होती है।

वर्तमान काल किसे कहते हैं

वर्तमान काल – ( चल रहा समय ) क्रिया के जिस रुप से कार्य का चल रहे समय में होने का बोध हो वर्तमान काल होता है।

वर्तमान काल के भेद

वर्तमान काल के पांच भेद होते हैं।
• सामान्य वर्तमान काल
• अपूर्ण वर्तमान काल
• संदिग्ध वर्तमान कल।
• संभाव्य वर्तमान काल
• अज्ञार्थ वर्तमान काल

सामान्य वर्तमान काल

सामान्य रूप से चलते समय में क्रिया का होना।
नोट – इसमें क्रिया के साथ सहायक क्रिया – ता है, ती है, ते हैं इत्यादि।

सामान्य वर्तमान काल के उदाहरण

• राम अखबार पढ़ता है।
• मोहन जयपुर जाता है।
• मैं खाता हूं।
• नरेंद्र लिखता है।
• नीतू स्कूल जाती है।
• लड़का पड़ता है।
• राधा गीत गाती है।
• सीता नाचती है।
• रवि गाना सुनता है।
• राहुल मैच खेलता है।

अपूर्ण वर्तमान काल

क्रिया के चलते समय में जारी रहने का बोध होता है। तो उसे हम अपूर्ण वर्तमान काल कहते हैं।
: सामान्य वर्तमान काल में सहायक क्रिया – रहा है, रही है, रहे हैं क्रियो को जोड़ दे तो वह वाक्य अपूर्ण वर्तमान काल हो जाएगा।

अपूर्ण वर्तमान काल के उदाहरण

• राम अखबार पढ़ रहा है।
• मोहन जयपुर जा रहा है ।
• वह पढ़ रहा है।
• राधा गीत गा रही है।
• मनीष मैच खेल रहा है।
• मैं खा रहा हूं।
• नीति स्कूल जा रही है।
• प्रदीप दूध पी रहा है।
• मोनू नाच रहा है।
• रूपांशु लिख रहा है।

संदिग्ध वर्तमान काल

क्रिया का वह रूप जिसे वर्तमान काल में क्रिया के होने में संदेह प्रकट हो पर उसके वर्तमान में संदेह ना हो। उसे संदिग्ध वर्तमान काल कहते हैं।
इसमें क्रिया के साथ सहायक क्रिया ता होगा, ती होगी, ते होंगे।

संदिग्ध वर्तमान काल के उदाहरण

• राम अखबार पड़ता है। (सामान वर्तमान )
सहायक क्रिया – ता होगा।, ती होगी।, ते होंगे।
• राम अखबार पढता होगा। ( संदिग्ध वर्तमान )

• मोहन जयपुर जाता होगा।
• राधा गीत गति होगी
• मनीष मैच खेलता होगा।
• नीलम स्कूल जाती होगी।
• प्रदीप दूध पीता होगा।
• मोहन सोता होगा।
• राजू खाना खाता होगा।
• सीता नाचती होगी।
• रवि योग करता होगा।
• रहीम चाय पीता होगा।

संभाव्य वर्तमान काल

संभाव्य वर्तमान काल द्वारा वर्तमान काल में कार्य के पूरा होने की संभावना रहती है उसे हम संभाव्य वर्तमान काल कहते हैं।
कार्य के पूर्ण होने में संभावना हो।

संभाव्य वर्तमान काल के उदाहरण

• राम अखबार पढ़ रहा है। (अपूर्ण वर्तमान काल)
सहायक क्रिया – रहा होगा, रही होगी, रहे होंगे

• राम अखबार पढ़ रहा है। (अपूर्ण वर्तमान काल)
• राम अखबार पढ़ रहा हो। (संभाव्य वर्तमान )
• राम अखबार पढ़ रहा होगा। (समभाव्य वर्तमान )

• राधा नाच रही होगी।
• मोहन गोवा जा रहा होगा।
• राधा गाना गा रही होगी।
• विपिन क्रिकेट खेल रहा होगा।
• नीरज स्कूल जा रहा होगा।
• प्रदीप दूध पी रहा होगा।
• देव खाना खा रहा होगा।
• मोहन सो रहा होगा।
• राजा योगा कर रहा होगा।

अज्ञार्थ वर्तमान काल

यदि वर्तमान की क्रिया के साथ आज्ञा या आदेश जोड़ दें तो अज्ञार्थ वर्तमान काल होता है।

अज्ञार्थ वर्तमान काल के उदाहरण

• राधा तू नाच।
• दरवाजा बंद कर दो।
• बाहर जाओ।
• नीचे बैठो।
यदि वह चला गया हो तो दरवाजा बंद कर दो। यह हेतुहेतु मद वर्तमान काल होगा।

तत्कालिन वर्तमान या पूर्ण वर्तमान काल

क्रिया का वह रूप जिससे पता चलता है कि क्रिया वर्तमान में हो रही है।
क्रिया का वह रूप जिससे कार्य के अभी पूर्ण होने का पता चलता है उसे पूर्ण वर्तमान काल कहते हैं।

पूर्ण वर्तमान काल के उदाहरण

• मैंने खाना खाया है।
• रमेश ने पुस्तक पढ़ी है।
• दादी ने चाय पी है।
• चिट्ठी भेजी गई है।
• वह आए हैं।
• मैंने रोटी खाई है।

भविष्य काल किसे कहते हैं?

भविष्य काल -क्रिया के जिस रूप से भविष्य में होने वाली क्रिया का बोध हो उसे भविष्य काल कहते हैं। भविष्य में होने वाली क्रिया को भविष्य काल कहते हैं। इस के तीन भेद होते हैं।

भविष्य काल के भेद

भविष्य काल के निम्नलिखित तीन भेद होते हैं।

• सामान्य भविष्यत् काल।
• संभाव्य भविष्यत् काल।
• अज्ञार्थ भविष्यत् काल।
• हेतुहेतु मद भविष्यत् काल

सामान्य भविष्य काल

(क्रिया के सामान्य रूप से आने वाले समय में होने का बोध हो।)
क्रिया के जिस रूप से भविष्य में होने वाले कार्य के संबंध में जानकारी हो अथवा यह व्यक्त हो की क्रिया सामान्यतः भविष्य में होगी तो उसे सामान्य भविष्य काल कहते हैं।
सहायक क्रिया – एगा, एगी, एंगे ।

सामान्य भविष्य काल के उदाहरण

• राम अखबार पड़ेगा।
• मोहन जयपुर जायेगा।
• राधा नाचेगी श्याम गाएगा।
• राकेश चाय पियेगा।
• रमेश झाड़ू मारेगा।
• विजय खाना खाएगा।
• पूरन घर जाएगा।
• पिंकू दूध पिएगा।
• राकेश पुस्तक पढ़ेगा।
• दादा बाजार जाएंगे।
• दादी योगा करेंगी।
• मैं खेलूंगा।
• वह गीत गाएगा।

संभाव्य भविष्य काल

(इसमें कार्य के भविष्य में होने की संभावना होती है।)
क्रिया का वह रूप जिससे कार्य का भविष्य में होने की संभावना होती है। उसे हम संभाव्य भविष्य काल कहते हैं।
सहायक क्रिया – इसमें क्रिया के साथ सहायक क्रिया ए, एं, ऊं या संभाव्य सूचक पद का प्रयोग होता है।

संभाव्य भविष्य काल के उदाहरण

• शायद राम अखबार पढ़ेगा।
• शायद राम जयपुर जाए।
• शायद वे जयपुर जाऐ।
• संभव है कि वह कल आएगा।
• शायद महेंद्र आए।
• लगता है राहुल कल आएगा।
• लगता है आंधी आएगी।

अज्ञार्थ भविष्य काल

आने वाले समय की क्रिया के साथ आज्ञा या आदेश अज्ञार्थ भविष्य काल कहलाता है।
सहायक क्रिया के रूप में आइएगा
जैसे – आप कल 8:00 बजे आइएगा।

हेतुहेतुमद् भविष्य काल

जब क्रियाओं का होना दूसरी क्रियाओं पर निर्भर करता है तो उसे हेतुहेतुमद् भविष्य काल कहते हैं।

हेतुहेतुमद् भविष्य के उदाहरण

• तुम पढ़ोगे तो पास हो जाओगे।
• वह चले जाएं तो मैं बैठा।
• आप कमाए तो हम खाएं।
• वह कहे तो मैं कोशिश करूंगा।

काल के आधार पर क्रिया के भेद

काल के आधार पर क्रिया के भेद मुख्यतः तीन होते हैं।
1. भूतकालिन क्रिया
2. वर्तमान कालिन क्रिया
3. भविष्य कालीन क्रिया।

निष्कर्ष

दोस्तों आज की पोस्ट Kaal kise kahate Hain मैं उम्मीद करता हूं कि यह पोस्ट आपको पसंद आई होगी मैंने Kaal in Hindi को सरलता के साथ समझाने की पूर्ण कोशिश की है। अगर कोई जानकारी Kaal kise kahate Hain और Kaal ke kitne bhed hote Hain in Hindi या अन्य किसी प्रकार की पोस्ट में हमसे कुछ छूट गया। हो तो आप नीचे कमेंट कर हमें सूचित कर सकते हैं। और हम आपके लिए आगे किस विषय पर जानकारी दें यह भी सुझाव जरूर बताएं आप आपके कमेंट का इंतजार रहेगा।

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